क्रिकेट की दुनिया में कभी-कभी ऐसे पल आते हैं जो सालों तक याद रखे जाते हैं। मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में गुरुवार को ऐसा ही एक नज़ारा देखने को मिला, जब इटली ने नेपाल को 10 विकेट से हराकर टी20 विश्व कप में अपनी पहली ऐतिहासिक जीत दर्ज की।
यह सिर्फ एक जीत नहीं थी, बल्कि एक संदेश था कि यूरोप की नई टीमें अब बड़े मंच पर सिर्फ अनुभव लेने नहीं, मुकाबला करने उतर रही हैं।
दबदबा
इटली ने पहले नेपाल को 123 रन पर समेट दिया। इसके बाद 124 रन का लक्ष्य बिना कोई विकेट गंवाए सिर्फ 12.4 ओवर में हासिल कर लिया। पुरुष टी20 विश्व कप इतिहास में यह सिर्फ आठवीं बार हुआ जब किसी टीम ने 10 विकेट से जीत दर्ज की।
नेपाल 19.3 ओवर में ऑल आउट हो गया, जबकि इटली ने शुरुआत से ही मैच पर पकड़ बना ली। यह जीत इटली की वैश्विक टूर्नामेंट में सिर्फ दूसरी उपस्थिति में आई है, जो इसे और खास बनाती है।
मोस्का
इस ऐतिहासिक जीत के हीरो रहे एंथनी मोस्का और जस्टिन मोस्का। दोनों भाइयों ने 124 रन की नाबाद साझेदारी कर नेपाल के गेंदबाज़ों को पूरी तरह बेअसर कर दिया।
एंथनी ने 32 गेंदों में 62 रन बनाए, जिसमें 5 छक्के और 4 चौके शामिल थे। वहीं जस्टिन ने 44 गेंदों में 60 रन की संयमित लेकिन प्रभावी पारी खेली। दोनों ने मिलकर नौ छक्के और आठ चौके जड़ दिए।
जब ओपनिंग जोड़ी ही मैच खत्म कर दे, तो समझिए विपक्षी टीम के पास वापसी का कोई मौका नहीं बचता।
कलुगामागे
नेपाल की पारी को झटका देने का काम किया लेग स्पिनर क्रिशन कलुगामागे ने। उन्होंने 3 विकेट लेकर मिडिल ऑर्डर को हिला दिया, जिसमें कप्तान रोहित पौडेल का अहम विकेट भी शामिल था।
नेपाल इससे पहले इंग्लैंड जैसी टीम को कड़ी टक्कर दे चुका था, इसलिए वह आत्मविश्वास में था। लेकिन इस मुकाबले में इटली की गेंदबाज़ी और फील्डिंग ज्यादा अनुशासित नजर आई।
श्रीलंका
दूसरे मैच में पल्लेकेले में श्रीलंका ने ओमान को 105 रन से हराया। कप्तान दासुन शनाका ने 19 गेंदों में अर्धशतक जड़कर अपना ही रिकॉर्ड तोड़ दिया।
कुसल मेंडिस ने 61 और पवन रत्नायके ने 60 रन बनाए, जिससे श्रीलंका ने 225/5 का विशाल स्कोर खड़ा किया। जवाब में ओमान 120/9 तक ही पहुंच सका।
ऑफ स्पिनर महीश थीक्षाना ने कसी हुई गेंदबाज़ी करते हुए 2 विकेट लिए और रन गति पर ब्रेक लगा दिया।
ओमान
ओमान की ओर से 43 वर्षीय मोहम्मद नदीम ने 56 गेंदों में नाबाद 53 रन बनाए और टी20 विश्व कप इतिहास में सबसे उम्रदराज़ अर्धशतकवीर बनने का रिकॉर्ड अपने नाम किया।
हालांकि वसीम अली के 27 रन के अलावा कोई और बल्लेबाज़ बड़ी पारी नहीं खेल सका, जिससे टीम बड़े लक्ष्य के सामने टिक नहीं पाई।
असर
इटली की जीत यह दिखाती है कि क्रिकेट अब पारंपरिक देशों तक सीमित नहीं रहा। नई टीमें आत्मविश्वास और तैयारी के साथ सामने आ रही हैं।
नेपाल के लिए यह हार जरूर झटका है, लेकिन टूर्नामेंट अभी लंबा है। वहीं इटली के लिए यह जीत आत्मविश्वास बढ़ाने वाली है।
क्रिकेट में कहा जाता है कि मौके का फायदा उठाना ही असली पहचान बनाता है। इटली ने अपने मौके को यादगार बना दिया। अब देखना होगा कि क्या वह इस लय को आगे भी बरकरार रख पाता है या नहीं।
FAQs
इटली ने किसे हराया?
इटली ने नेपाल को हराया।
जीत का अंतर कितना था?
10 विकेट से जीत मिली।
मोस्का भाइयों ने कितने रन बनाए?
62* और 60* रन बनाए।
श्रीलंका का स्कोर क्या था?
225/5 रन बनाए।
ओमान के लिए अर्धशतक किसने बनाया?
मोहम्मद नदीम ने 53* बनाए।











