IPL में पहचान बनाने के बाद भी भारत को लेकर संतुलित हैं शिवांग कुमार

Published On:
Shivang Kumar

हर IPL सीज़न में कई नए खिलाड़ी सामने आते हैं, लेकिन कुछ नाम ऐसे होते हैं जो बिना ज़्यादा चर्चा के धीरे-धीरे अपनी जगह बनाते हैं। मध्य प्रदेश के स्पिनर शिवांग कुमार का सफर भी कुछ ऐसा ही रहा है। IPL 2026 की शुरुआत में वह बड़े नाम नहीं थे और न ही उनके चयन को लेकर कोई खास शोर था। हालांकि, सीज़न के दौरान मिले मौकों में उन्होंने सधी हुई गेंदबाज़ी की और 13 मैचों में 9 विकेट लेकर खुद को एक उपयोगी विकल्प के रूप में स्थापित किया।

इस शुरुआती सफलता के बावजूद शिवांग का नज़रिया संतुलित बना हुआ है। भारत के लिए खेलने के लक्ष्य को लेकर वह किसी तरह की जल्दबाज़ी नहीं दिखाते और मानते हैं कि निरंतरता और तैयारी इस सफर के सबसे अहम हिस्से हैं।

भूमिका

Sunrisers Hyderabad जैसी आक्रामक फ्रेंचाइज़ी में शिवांग को मुख्य रूप से गेंदबाज़ के तौर पर जिम्मेदारी दी गई। बल्लेबाज़ी में उन्हें ज़्यादा मौके नहीं मिले, लेकिन घरेलू क्रिकेट में उनके प्रदर्शन को देखने वालों के लिए यह नया नहीं था कि वह सिर्फ गेंदबाज़ी तक सीमित खिलाड़ी नहीं हैं।

मध्य प्रदेश लीग में उनका 13 गेंदों में अर्धशतक यह दिखाने के लिए काफी था कि वह निचले क्रम के साधारण बल्लेबाज़ नहीं हैं। उनका खेल यह संकेत देता है कि सही परिस्थिति मिलने पर वह ऑलराउंड योगदान देने की क्षमता रखते हैं।

बदलाव

शिवांग के करियर का अहम मोड़ वह समय रहा जब उन्होंने अपनी गेंदबाज़ी शैली में बदलाव का फैसला किया। उन्होंने महसूस किया कि T20 क्रिकेट में पारंपरिक लेफ्ट-आर्म ऑर्थोडॉक्स स्पिनरों को बल्लेबाज़ अपेक्षाकृत आसानी से खेल रहे हैं। विकेट लेने की संभावना कम होती जा रही थी और नई चुनौती की ज़रूरत साफ दिख रही थी।

इसी संदर्भ में उन्होंने चाइनामैन गेंदबाज़ी सीखने का निर्णय लिया। यह बदलाव आसान नहीं था और इसके लिए तकनीक, कलाई की ताकत और निरंतर अभ्यास की ज़रूरत पड़ी। शिवांग का मानना है कि अलग पहचान बनाने के लिए यह जोखिम ज़रूरी था और यही फैसला आगे चलकर उनके काम आया।

समर्थन

इस दौर में परिवार की भूमिका भी अहम रही। उनके छोटे भाई देवांग ने शुरुआत से ही इस बदलाव को सही दिशा में कदम माना। आज के क्रिकेट में बहुआयामी कौशल की अहमियत को समझते हुए उन्होंने शिवांग को लगातार प्रोत्साहित किया।

पारिवारिक स्तर पर उनके पिता प्रवीण कुमार का सहयोग भी उल्लेखनीय रहा। भारतीय रेलवे में सीनियर टिकट कलेक्टर रहे प्रवीण कुमार का खुद का क्रिकेट सपना अधूरा रह गया था, लेकिन उन्होंने उस अनुभव को दबाव के रूप में आगे नहीं बढ़ाया। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि शिवांग की ट्रेनिंग और अभ्यास में कोई रुकावट न आए।

मौका

Indian Premier League में चयन खुद शिवांग के लिए भी अप्रत्याशित था। वह SRH के दो ट्रायल में शामिल नहीं हो पाए थे और उन्हें अंदाज़ा नहीं था कि फ्रेंचाइज़ी उन पर नज़र रखे हुए है। चयन के बाद टीम ने न केवल उन्हें मौका दिया, बल्कि कठिन परिस्थितियों में भी उनका समर्थन बनाए रखा।

टीम के कप्तान Pat Cummins से शिवांग को मानसिक मजबूती और जिम्मेदारी लेने की सीख मिली। साफ संदेश यही था कि आधुनिक T20 क्रिकेट में आक्रामक सोच और विकेट लेने की मंशा ज़रूरी है।

अनुभव

विकेट के पीछे से Ishan Kishan का संवाद और भरोसा भी उनके लिए मददगार रहा। नेट्स में अनुभवी खिलाड़ियों के साथ अभ्यास करने से उनकी गेंदबाज़ी में स्पष्टता और आत्मविश्वास आया। टीम मैनेजमेंट का रवैया भी ऐसा रहा जिसमें एक खराब ओवर के बाद खिलाड़ी पर अतिरिक्त दबाव नहीं डाला गया।

यही वातावरण शिवांग को सीखने और खुद को बेहतर करने का अवसर देता रहा। गलतियों से सुधार और अगले मौके पर बेहतर प्रदर्शन की सोच टीम संस्कृति का हिस्सा रही।

दृष्टि

भारत के लिए खेलना शिवांग का भी लक्ष्य है, लेकिन वह इसे समय और तैयारी से जोड़कर देखते हैं। उनका मानना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर की मांगों के लिए पूरी तरह तैयार होना ज़्यादा ज़रूरी है, बजाय जल्द नतीजे चाहने के।

IPL ने उन्हें एक मंच दिया है और SRH ने भरोसा दिखाया है। परिवार और घरेलू क्रिकेट से मिली नींव के साथ शिवांग कुमार अब अपने करियर को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। भारत की टीम का अवसर कब आएगा, यह भविष्य तय करेगा, लेकिन फिलहाल उनकी प्राथमिकता निरंतर सुधार और स्थिर प्रदर्शन बनी हुई है।

FAQs

शिवांग कुमार किस तरह के गेंदबाज़ हैं?

वह लेफ्ट-आर्म रिस्ट स्पिन (चाइनामैन) गेंदबाज़ हैं।

शिवांग किस IPL टीम से खेले?

सनराइजर्स हैदराबाद (SRH)।

शिवांग ने चाइनामैन बॉलिंग क्यों चुनी?

खुद को बाकी खिलाड़ियों से अलग बनाने के लिए।

क्या शिवांग भारत के लिए खेलने की जल्दी में हैं?

नहीं, वह सही समय का इंतज़ार कर रहे हैं।

Ehtesham Arif

I’m Ehtesham Arif, lead cricket analyst at Kricket Wala with over 3 years of experience in cricket journalism. I’m passionate about bringing you reliable match analysis and the latest updates from the world of cricket. My favorite team is India, and in the IPL, I support Delhi Capitals.

यह भी पढ़ें

Leave a Comment