मिचेल स्टार्क का हैरान करने वाला दिन, पहले चार चौके खाए फिर छह गेंदों में झटके चार विकेट

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Mitchell Starc

क्रिकेट में कभी-कभी एक ही दिन में ऐसा कुछ देखने को मिल जाता है, जिस पर भरोसा करना मुश्किल हो जाता है। केपटाउन टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। मंगलवार को एक समय ऐसा आया, जब दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज मार्केस एकरमैन ने उनके एक ही ओवर में लगातार चार गेंदों पर चार चौके जड़ दिए।

ऐसा लग रहा था कि स्टार्क के पास बल्लेबाजों को रोकने का कोई रास्ता नहीं बचा है। लेकिन दिन खत्म होते-होते यही स्टार्क दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाजी क्रम पर कहर बनकर टूटे और छह गेंदों के भीतर चार विकेट लेकर मैच की तस्वीर बदल दी।

स्टार्क के इस उतार-चढ़ाव भरे दिन ने टेस्ट सीरीज के निर्णायक मुकाबले को और भी रोमांचक बना दिया। एक तरफ दक्षिण अफ्रीका की टीम शुरुआत में इतनी मजबूत नजर आ रही थी कि लग रहा था वह ऑस्ट्रेलिया को मैच से पूरी तरह बाहर कर देगी। दूसरी तरफ, दिन का खेल खत्म होने तक वही दक्षिण अफ्रीकी टीम मुश्किल में फंस चुकी थी और ऑस्ट्रेलिया को मुकाबले में वापसी का शानदार मौका मिल गया था।

एकरमैन का हमला

दिन की शुरुआत दक्षिण अफ्रीका के लिए बेहद शानदार रही। ऑस्ट्रेलियाई कप्तान पैट कमिंस ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था, लेकिन शुरुआती सत्र में उनका यह दांव उलटा पड़ता नजर आया। दक्षिण अफ्रीका के सलामी बल्लेबाज मार्केस एकरमैन और एडेन मार्करम ने ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों को जमकर परेशान किया। खासकर एकरमैन ने स्टार्क के खिलाफ जिस अंदाज में बल्लेबाजी की, उसने मैदान पर मौजूद दर्शकों को भी हैरान कर दिया।

स्टार्क के सातवें ओवर में एकरमैन ने लगातार चार गेंदों पर चौके लगाए। पहली और चौथी गेंद पर स्टार्क ने काफी बाहर गेंद डाली, जिसका एकरमैन ने पूरा फायदा उठाया और गेंद को सीमा रेखा के पार पहुंचा दिया। हालांकि, बीच की दो गेंदों पर लगाए गए चौके ज्यादा खास थे। एकरमैन ने पहले मिडविकेट के ऊपर से शानदार फ्लिक खेला और फिर स्लिप के क्षेत्र के ऊपर से चतुराई भरा रैंप शॉट लगाकर चार रन बटोर लिए।

इन शॉट्स को खेलने के बाद एकरमैन खुद भी हैरान नजर आए। वह पिच पर अपने साथी बल्लेबाज मार्करम के पास पहुंचे, तो उनके चेहरे के भाव कुछ ऐसे थे, मानो उन्हें खुद विश्वास नहीं हो रहा हो कि उन्होंने दुनिया के नंबर एक टेस्ट गेंदबाज माने जाने वाले स्टार्क के खिलाफ ऐसे शॉट्स खेल दिए हैं।

ऑस्ट्रेलिया की परेशानी

स्टार्क के उस ओवर में कुल 18 रन आए और दक्षिण अफ्रीका का स्कोर 25 ओवर में बिना किसी विकेट के 125 रन हो चुका था। ऑस्ट्रेलिया के लिए मुश्किलें इससे पहले ही बढ़ने लगी थीं, क्योंकि पिछले ओवर में ट्रैविस हेड ने एक आसान कैच छोड़ दिया था। लगातार खराब गेंदबाजी और फील्डिंग की गलतियों ने स्टार्क की परेशानी भी बढ़ा दी थी।

ऑस्ट्रेलियाई टीम के लिए यह मुकाबला सिर्फ एक टेस्ट मैच नहीं था, बल्कि सीरीज का निर्णायक मैच भी था। पिछले मुकाबले में गकेबरहा में पारी से मिली शर्मनाक हार के बाद टीम पहले से ही आलोचनाओं का सामना कर रही थी। ऐसे में केपटाउन टेस्ट में भी शुरुआत खराब होने से कप्तान, कोच, चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन पर सवाल उठने लगे।

ऑस्ट्रेलिया में मैच देख रहे प्रशंसकों को उम्मीद थी कि टीम निर्णायक मुकाबले में मजबूत वापसी करेगी। लेकिन जब दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज आसानी से रन बना रहे थे, तब लोगों का गुस्सा और बढ़ता गया। कमिंस के पहले गेंदबाजी करने के फैसले को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई। पिच बल्लेबाजी के लिए अच्छी दिखाई दे रही थी और दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज इसका पूरा फायदा उठा रहे थे।

टीम चयन पर सवाल

ऑस्ट्रेलिया की परेशानी सिर्फ कप्तान के फैसले तक सीमित नहीं थी। स्कॉट बोलैंड को टीम में शामिल नहीं किए जाने और स्टीव स्मिथ के आखिरी समय में मुकाबले से बाहर होने की खबरों ने भी सवाल खड़े कर दिए थे। टीम प्रबंधन पहले से ही आलोचनाओं के घेरे में था और खराब शुरुआत ने हालात को और मुश्किल बना दिया।

दक्षिण अफ्रीका ने लंच तक बिना कोई विकेट गंवाए 140 रन बना लिए थे। एकरमैन और मार्करम की साझेदारी इतनी मजबूत थी कि ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों को विकेट लेने का कोई आसान रास्ता नहीं मिल रहा था। दोनों बल्लेबाज सिर्फ चौके-छक्के लगाकर ही नहीं, बल्कि लगातार एक-दो रन लेकर भी स्कोर आगे बढ़ा रहे थे। इस तरह वे गेंदबाजों पर दबाव बनाए रख रहे थे और किसी को भी लय हासिल करने का मौका नहीं दे रहे थे।

हालांकि, बड़ी पारी खेलने की कोशिश में एकरमैन से गलती हो गई। वह नाथन लायन के खिलाफ जरूरत से ज्यादा आक्रामक होने की कोशिश में अपना विकेट गंवा बैठे। उनके आउट होने के समय दक्षिण अफ्रीका का स्कोर 158 रन था। इसके बाद भी मार्करम ने अपनी बल्लेबाजी जारी रखी और टीम को 203 रन तक पहुंचाया। आखिरकार छोटी गेंद के खिलाफ वह अपना विकेट गंवा बैठे और दक्षिण अफ्रीका को पहला झटका लगा।

स्टार्क की पहली वापसी

मार्करम के आउट होने के बाद मुकाबले में बदलाव के संकेत मिलने लगे थे, लेकिन दक्षिण अफ्रीका ने फिर भी खुद को संभाल लिया। रयान रिकेल्टन और मार्को यानसन ने जिम्मेदारी के साथ बल्लेबाजी की और टीम को एक बार फिर मजबूत स्थिति में पहुंचाने का प्रयास किया। दोनों ने जल्दबाजी करने के बजाय परिस्थिति के हिसाब से खेला और ऑस्ट्रेलिया के गेंदबाजों को विकेट के लिए मेहनत करने पर मजबूर किया।

इसी दौरान स्टार्क ने अपने 13वें ओवर में शानदार वापसी की। उन्होंने छोटी गेंदों का इस्तेमाल करते हुए सिर्फ तीन गेंदों के भीतर दो विकेट हासिल कर लिए। यह दक्षिण अफ्रीका के लिए बड़ा झटका था, क्योंकि टीम ने कुछ समय पहले ही मैच पर अपनी पकड़ मजबूत की थी। स्टार्क ने इस ओवर में ऑस्ट्रेलिया को वह उम्मीद दी, जिसकी टीम को काफी देर से तलाश थी।

इसके बावजूद दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाजों ने आसानी से हार नहीं मानी। रिकेल्टन और यानसन ने धैर्य दिखाया और टीम को फिर से ऐसी स्थिति में पहुंचा दिया, जहां से वह बड़ा स्कोर खड़ा कर सकती थी। ऐसा लग रहा था कि दक्षिण अफ्रीका दिन का खेल खत्म होने तक अपनी स्थिति मजबूत बनाए रखने में सफल रहेगा। लेकिन स्टार्क के पास अभी एक और बड़ा धमाका बाकी था।

नई गेंद का कमाल

दिन के आखिरी हिस्से में जब दूसरी नई गेंद से स्टार्क गेंदबाजी करने लौटे, तब मुकाबले का पूरा माहौल बदल गया। आसमान में अंधेरा बढ़ रहा था और न्यूlands के मैदान पर दिन का खेल खत्म होने में ज्यादा समय नहीं बचा था। ऐसे समय में स्टार्क ने ऐसी गेंदबाजी की, जिसे लंबे समय तक याद रखा जा सकता है।

उनकी गेंदों में तेज रफ्तार के साथ हल्की इनस्विंग भी थी। उन्होंने बल्लेबाजों को संभलने का मौका नहीं दिया और एक के बाद एक विकेट हासिल करते चले गए। रयान रिकेल्टन सबसे पहले एलबीडब्ल्यू आउट हुए। इसके बाद मार्को यानसन और जेराल्ड कोएत्जी की गिल्लियां बिखर गईं। फिर स्टार्क ने कगिसो रबाडा के सामने ऐसी तेज यॉर्कर डाली, जिसे रोकना बेहद मुश्किल था। रबाडा भी इस गेंद पर अपना विकेट बचाने में नाकाम रहे।

इस तरह स्टार्क ने छह गेंदों के भीतर चार विकेट हासिल कर लिए और दक्षिण अफ्रीका की पारी को जोरदार झटका दे दिया। जिस टीम की शुरुआत इतनी शानदार रही थी, वही टीम अब अचानक दबाव में आ चुकी थी। स्टार्क की गेंदबाजी ने न सिर्फ दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाजी क्रम को हिला दिया, बल्कि ऑस्ट्रेलिया को भी मुकाबले में वापसी करने का बड़ा मौका दे दिया।

एक दिन, दो तस्वीरें

स्टार्क के दिन की सबसे खास बात यही रही कि उन्होंने कुछ ही घंटों के भीतर क्रिकेट के दो बिल्कुल अलग रूप दिखा दिए। सुबह के समय एकरमैन ने उनके खिलाफ लगातार चार चौके लगाकर उन्हें दबाव में डाल दिया था।

उस समय ऐसा लग रहा था कि दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज स्टार्क की गेंदबाजी को आसानी से समझ चुके हैं। लेकिन शाम होते-होते स्टार्क ने अपनी रफ्तार, सटीक लाइन और शानदार यॉर्कर से वही मुकाबला पूरी तरह बदल दिया।

दक्षिण अफ्रीका के समर्थक दिन की शुरुआत में अपनी टीम की बल्लेबाजी देखकर बेहद खुश थे। एकरमैन और मार्करम की साझेदारी ने मैदान पर उत्साह भर दिया था और ऐसा लग रहा था कि मेजबान टीम ऑस्ट्रेलिया को बड़े संकट में डाल देगी। लेकिन स्टार्क के आखिरी स्पेल के बाद मैदान पर सन्नाटा छा गया। दक्षिण अफ्रीका के समर्थकों को अब अगले दिन अपनी टीम से वापसी की उम्मीद करनी होगी।

ऑस्ट्रेलिया के लिए भी यह दिन काफी अहम साबित हो सकता है। खराब शुरुआत, छूटे हुए कैच और कप्तान के फैसले पर उठते सवालों के बीच स्टार्क ने अपने प्रदर्शन से टीम को नई उम्मीद दी। हालांकि, मैच का अंतिम नतीजा इस बात पर निर्भर करेगा कि अगले दिन दोनों टीमें किस तरह खेलती हैं। फिलहाल इतना तय है कि केपटाउन टेस्ट का यह दिन स्टार्क के करियर के यादगार गेंदबाजी प्रदर्शनों में गिना जा सकता है।

क्रिकेट की खूबसूरती

इस मुकाबले ने एक बार फिर दिखा दिया कि टेस्ट क्रिकेट में किसी भी टीम को समय से पहले विजेता नहीं माना जा सकता। एक सत्र में जो टीम पूरी तरह हावी दिखाई देती है, वही अगले सत्र में दबाव में आ सकती है। दक्षिण अफ्रीका ने शुरुआत में ऑस्ट्रेलिया के गेंदबाजों को परेशान किया, लेकिन स्टार्क ने आखिरी समय में ऐसा पलटवार किया कि मैच का रुख ही बदल गया।

स्टार्क के लिए यह दिन निराशा से शुरू होकर शानदार प्रदर्शन पर खत्म हुआ। पहले लगातार चार चौके खाने का दबाव था, लेकिन बाद में उन्होंने अपनी गेंदबाजी से जवाब दिया। यही एक बड़े तेज गेंदबाज की पहचान है कि खराब समय आने पर भी वह अपनी योजना और आत्मविश्वास नहीं छोड़ता। अब देखना होगा कि बुधवार को दक्षिण अफ्रीका इस झटके से उबर पाती है या ऑस्ट्रेलिया स्टार्क की शानदार गेंदबाजी का फायदा उठाकर मैच में अपनी पकड़ और मजबूत कर लेती है।

Ehtesham Arif

I’m Ehtesham Arif, lead cricket analyst at Kricket Wala with over 3 years of experience in cricket journalism. I’m passionate about bringing you reliable match analysis and the latest updates from the world of cricket. My favorite team is India, and in the IPL, I support Delhi Capitals.

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